आत्मपीड़ा ... पत्रकारिता के सर्वोच्च धर्म "परपीड़ा" को महसूस करने की आदत से भी कहीं ज्यादा
प्रति , श्रम मंत्री महोदय , श्रम एवं रोजगार मंत्रालय , भारत सरकार श्रम शक्ति भवन , रफी मार्ग , नई दिल्ली विषय - प्रसार भारती के अंतर्गत दूरदर्शन टीवी चैनल में अवैध नियमित कर्मचारियों की भर्ती एवं कॉन्ट्रक्चुअल मैनपावर इंगेजी के शोषण किये जाने के विरूद्ध आवेदन । महोदय जी , उपरोक्त विषयांतर्गत निवेदन है कि प्रसार भारती भारत का सबसे बड़ा लोकसेवा प्रसारक स्वायत्त संसथान है जो कि भारत की संसद के प्रति उत्तरदायी है। पूरे भारत वर्ष में इससे बड़ी नेटवर्क पहुँच किसी अन्य टीवी और रेडियो चैनल की नहीं है। किंतु इसके नीति निर्धारक अधिकारी इसका सत्यानाश करने पर आमादा हैं। इसका बिंदुवार विवरण निम्नवत है। 1. दूरदर्शन से देशवासियों क...